रायपुर। होली के दिन ठंडाई पीने के पुरानी परंपरा रही है। देश के कुछ हिस्सों में लोग ठंडाई में भांग मिलाकर इसको पीने हैं। आमतौर पर देश के कुछ हिस्सों में भांग का उपयोग लस्सी और ठंडाई में किया जाता है। इसके अलावा कई लोग होली के दिन अल्कोहल का भी सेवन करते है, जिससे […]
रायपुर। होली के दिन ठंडाई पीने के पुरानी परंपरा रही है। देश के कुछ हिस्सों में लोग ठंडाई में भांग मिलाकर इसको पीने हैं। आमतौर पर देश के कुछ हिस्सों में भांग का उपयोग लस्सी और ठंडाई में किया जाता है। इसके अलावा कई लोग होली के दिन अल्कोहल का भी सेवन करते है, जिससे अल्कोहल पॉइजनिंग जैसी समस्याएं होती है। कुछ प्रकार की दवाओं और घरेलू उपचार के तौर पर भांग का उपयोग किया जाता है।
भांग का अधिक सेवन करने से व्यक्ति को घबराहट और पैनिक अटैक जैसी समस्याएं हो सकती हैं। साथ ही भांग से ब्लड प्रेशर बढ़ या घट सकता है, जिससे चक्कर या बेहोशी जैसी स्थिति उत्पन्न होती है। इसके साथ कुछ लोगों को चक्कर आने, सिरदर्द, उल्टी और बेहोशी जैसी समस्या भी होती है। वहीं अल्कोहल पॉइजनिंग की स्थिति गंभीर होने पर कोमा जैसी गंभीर समस्या का भी खतरा बढ़ता है।
अगर किसी को भांग का हैंगओवर हो जाए तो इससे छुटकारा पाने के लिए सबसे पहले शरीर को डिहाइड्रेशन से बचाना जरूरी होता है। इसके लिए नशे वाले व्यक्ति को खूब सारा पानी पीना चाहिए। बहुत सारा पानी पिलाने से व्यक्ति में पानी की कमी नहीं होती। साथ ही शररी में मौजूद विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में भी मदद मिलती है।
नशे वाले व्यक्ति को नारियल पानी पिलाना चाहिए। क्योंकि नारियल में इलेक्ट्रोलाइट युक्त तरल पदार्थ होते है जो कई तरह के पोषक तत्वों की भरपाई करने का काम करते हैं। नारियल पानी तरल होता है जो शरीर में पानी की कमी को पूरा करता है।
हैंगओवर उतारने के लिए व्यक्ति को नहला सकते है। नहाने से भी नशा उतरता है। जहां तक हो सके व्यक्ति को साधारण पानी से ही नहलाएं। इससे व्यक्ति को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी और दिमाग ठंडा रहेगा। नहलाने से व्यक्ति का नशा धीरे-धीरे उतर जाएगा।
आप चाहे तो हैंगओवर उतारने के लिए व्यक्ति को खट्टा फल जैसे नींबू, संतरा या मौसंबी चटा सकते है। इससे व्यक्ति के नशे में कही हद तक कमी आती है। खट्टे फल में मौजूद विटामिन-सी और एंटीऑक्सीडेंट शरीर से नशे को जल्दी निकालने का काम करते हैं।
हो सके तो नशे वाले व्यक्ति को दही और छाछ का सेवन भी करा सकते है। ऐसा करने से व्यक्ति में डिहाइड्रेशन नहीं होगा। साथ ही नशे उतारने में मदद मिलेगी। इतना ही नहीं दही या छाछ पाचन को भी सुधारने का काम करते हैं।